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बिहार के बक्सर DISTRICT में पदस्थ DM ने की आत्महत्या

मुकेश पांडेय आईएएस अफसर।

पटना। 2012 बैच के IAS मुकेश पांडे का शव गाजियाबाद स्टेशन से एक किलोमीटर दूर कोटगांव के पास रेलवे ट्रैक पर कटा हुआ मिला। ये हादसा किस ट्रेन से और कितने बजे हुआ अभी ये पता नहीं चला है, जीआरपी का कहना है कि शुरुआती जांच में ये आत्महत्या का मामला है। मुकेश पांडेय बिहार के बक्सर जिले मे बतौर कलेक्टर पदस्थ थे।खबर के मुताबिक बक्सर जिले के डीएम मुकेश जनकपुरी में एक होटल की 10वीं मंजिल पर खुदकुशी करने पहुंचे थे।सूत्रों का कहना है कि उन्होंने अपने फोन से एक मैसेज किसी को भेजा। मैसेज की सूचना दिल्ली पुलिस को भी दी गई। इसके बाद दिल्ली पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन मुकेश पांडे को पकड़ नहीं पाई। इसके बाद डीएम ने गाजियाबाद इलाके में ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी।


मैं अपनी लाइफ से तंग आ चुका हुं
व्हाट्सऐप पर भेजे सुसाइड मैसेज में डीएम मुकेश ने लिखा, 'मैं पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी इलाके में होटल पिकादिल्ली की 10वीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर रहा हूं।मैं अपनी जिंदगी से तंग आ चुका हूं और इंसान के अस्तित्व पर से मेरा विश्वास उठ गया है।मेरा सुसाइड नोट लीला पैलेस होटल के रूम नंबर 742 में एक बैग में रखा है।मैं माफी चाहता है, सभी को मेरा प्यार, प्लीज मुझे माफ कर देना।

31जुलाई को बने थे कलेक्टर
बता दें कि 2012 बैच के आईएएस अधिकारी मुकेश पांडेय को 31 जुलाई को बक्सर का डीएम बनाया गया था।बतौर जिलाधिकारी यह उनकी पहली पदस्थापना थी. इसके पहले वे बेगूसराय के बलिया अनुमंडल में एसडीएम व कटिहार में डीडीसी के पद पर सेवा दे चुके थे

तेज तर्रार अफसर थे पांडेय जी
मुकेश मूलतः छपरा के रहने वाले थे।2012 में ऑल इंडिया में 14वीं रैंक लाने वाले मुकेश पांडेय तेज तर्रार, बेदाग और कड़क अफसर थे।उन्हें वर्ष 2015 में संयुक्त सचिव रैंक में प्रमोशन मिला था।



About Author Mohamed Abu 'l-Gharaniq

when an unknown printer took a galley of type and scrambled it to make a type specimen book. It has survived not only five centuries.

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